सस्य विज्ञान (Agronomy), मृदा विज्ञान, उद्यान विज्ञान (Horticulture), फल व सब्जी परिरक्षण, पशुपालन, नस्लें, दुग्ध विज्ञान व पशु चिकित्सा रोगों की सम्पूर्ण प्रामाणिक हस्तलिखित नोट्स एवं बहुविकल्पीय प्रश्नोत्तरी।
सस्य विज्ञान का क्षेत्र, मृदा परिच्छेदिका (Soil Profile), मृदा कणाकार व संरचना, मृदा पीएच, जीवांश पदार्थ, भूपरिष्करण व मृदा क्षरण।
सस्य विज्ञान (ग्रीक: एग्रोस = खेत, नोमोस = प्रबंध)। मृदा संस्तर: O (जैविक), A (पृष्ठ मृदा), B (उप-मृदा), C (पैतृक पदार्थ), R (कठोर चट्टान)। मृदा कण: बालू (0.02-2.0 mm), सिल्ट (0.002-0.02 mm), क्ले (< 0.002 mm)। अधिकांश फसलों हेतु उपयुक्त पीएच 6.5 से 7.5।
प्राथमिक भूपरिष्करण (जुताई), द्वितीयक भूपरिष्करण (हैरोइंग, पाटा लगाना)। बूंद-बूंद (ड्रिप) सिंचाई दक्षता: 90-95% (50-70% जल बचत, फलोद्यान हेतु सर्वश्रेष्ठ)। फव्वारा (स्प्रिंकलर) सिंचाई दक्षता: 70-80% (असमतल मरुस्थलीय भूमि हेतु उत्तम)।
Agronomy, Horticulture, Soil Science, Fruit Preservation & Animal Husbandry (Class 11 & 12)
Q. ISSS वर्गीकरण के अनुसार क्ले (मृतिका) मृदा कणों का व्यास आकार क्या होता है?
व्याख्या: क्ले (मृतिका) कणों का व्यास 0.002 मिमी से कम होता है, जिससे इनकी जल धारण क्षमता सर्वाधिक होती है।
Q. पौधों की कलमों व दाब (Air Layering) में शीघ्र जड़ें निकालने के लिए किस पादप वृद्धि हार्मोन (ऑक्सिन) का व्यावसायिक उपयोग किया जाता है?
व्याख्या: IBA (इण्डोल-3-ब्यूटायरिक एसिड) जड़ प्रवर्धन हेतु सबसे प्रभावी ऑक्सिन हार्मोन है।
Q. उच्च अनुकूलन क्षमता और दुग्ध उत्पादन के लिए किस देशी गाय नस्ल को "राजस्थान की कामधेनु" कहा जाता है?
व्याख्या: राठी नस्ल (बीकानेर, श्रीगंगानगर क्षेत्र) को राजस्थान की कामधेनु कहा जाता है।
Q. गेहूं की फसल में चौड़ी पत्ती वाले खरपतवारों के नियंत्रण हेतु किस वरणात्मक शाकनाशी का प्रयोग किया जाता है?
व्याख्या: 2,4-D का प्रयोग गेहूं व अनाज वाली फसलों में चौड़ी पत्ती वाले खरपतवार नष्ट करने हेतु किया जाता है।
Q. टमाटर सॉस और जामुन जैसे रंगीन फल उत्पादों के परिरक्षण हेतु किस रासायनिक परिरक्षक की विशेष सिफारिश की जाती है?
व्याख्या: रंगीन उत्पादों के लिए सोडियम बेंजोएट का प्रयोग किया जाता है क्योंकि KMS से निकलने वाली SO2 गैस प्राकृतिक रंग को उड़ा देती है।
Q. कृत्रिम गर्भाधान (AI) हेतु सांड का वीर्य द्रव नाइट्रोजन में किस तापमान पर हिमीकृत (Cryopreserved) रखा जाता है?
व्याख्या: वीर्य स्ट्रॉ को -196°C के अति-निम्न तापमान पर द्रव नाइट्रोजन कंटेनरों में भंडारित किया जाता है।